Nov 21, 2009

जोके

संता के घर लडकी ने जनम लिया
बंता: जब लडकी बड़ी होगी तो लड़के इसे छेड़ेंगे
संता: मैंने इसका इन्तजाम कर लिए है
बंता: क्या किया
संता: लडकी का नाम दीदी रख दिया है


संता : यार, मैं अपनी गर्ल फ्रेंड नु गिफ्ट देना है की देवाँ ??
बंता : गोल्ड रिंग दे दे
संता : नै यार, कोई बड़ी चीज़ दस
बंता : MRF दा टायर दे दे



संता स्कूल आता है 1 काला और 1 सफ़ेद जूता पहनकर ।
टीचर - घर जाओ और जूते बदल कर आओ
संता - टीचर कोई फ़ायदा नही वहा भी एक काला और एक सफ़ेद जूता ही रखा है

सामना करो ।

एक बार स्वामी विवेकानंद काशी में किसी जगह जा रहे थे । उस स्थान पर बहुत से बंदर रहते थे, जो आने-जाने वालों को अकारण ही तंग करने में बडे विख्यात थे । उनके साथ उन्होंने वही किया । स्वामी जी का रास्ते से गुजरना अच्छा न लगा । वे चिल्लाकर उनकी ओर दौडे और पैरों में काटने लगे । उनसे छूटकारा पाना असंभव प्रतीत हुआ । वे तेजी से भागे, पर वे जितना भागते, बंदर भी उतना दौडते और काटते । तभी एक अपरिचित स्वर सुनाई दिया,”भागो मत । सामना करो ।” बस वे खडे हो गए और बंदरों को ऐसी जोर की डांट लगाई कि एक घुडकी में ही बंदर भाग खडे हुए । जीवन में जो कुछ भयानक है, उसका हमें साहसपूर्वक सामना करना पडेगा । परिस्थितियों से भागना कायरता है, कायर पुरूष कभी विजयी नहीं होगा । भय, कष्ट और अज्ञान का जब हम सामना करने को तैयार होंगे, तभी वे हमारे सामने से भागेंगे

Nov 20, 2009

मेरे विचार

अगर तुम चहते हो कि मरने के बाद तुम्हें भुला न दिया जाय तो इसके लिये दो में से कोई एक काम जरुर करो । या तो पढने लायक कुछ लिख डालो या लिखने लायक कुछ कर डालो । दुनियां में कोई भी इंसान या तो अपने कृत्यों के लिये याद किया जाता है या फिर अपनी बहुमूल्य कृतियों के लिये । जो व्यक्ति समय की धारा के साथ चलते रहते है उन्हें इतिहास समय के साथ भुला देता है लेकिन जो व्यक्ति समय की धारा को मोड देता है इतिहास भी उनके साथ हो लेता है । गंगोत्री से गंगा-सागर की यात्रा तो मुर्दा भी कर लेता है । भुजाओं का बल तो गंगा-सागर से गंगोत्री की यात्रा पर निकल पडना है ।

Nov 19, 2009

चकर ना आ जाय ???







कुत्ता कल्चर

कुत्ता कल्चर समाज में तेजी से बढ रहा है । पहले लोग गाय पालते थे, अब कुत्ते पालते है । एक समय हमारे घर के बाहर लिखा होता था – “अतिथि देवो भवः” । फिर लिखा जाने लगा “शुभ-लाभ” । समय आगे बढा तो इसके बाद लिखा गया “वैलकम” । और अब लिखा जाता है – “कुत्ते से सावधान” । यह सांस्कृतिक पतन है । कुत्ते को रोटी देना, मगर उससे प्रेम मत करना । प्रेम करोगे तो मुंह चाटेगा, लाठी मारोगे तो पैर काटेगा । उसका चाटना और काटना दोनों बुरे है ।

मेरे विचार

जिंदा रहने के लिये भोजन जरुरी है । भोजन से भी ज्यादा पानी जरुरी है । पानी से भी ज्यादा वायु जरुरी है । वायु से भी ज्यादा आयु जरुरी है । मगर मरने के लिये कुछ भी जरुरी नहीं है । आदमी यों ही बैठे बैठे मर सकता है । आदमी केवल दिमाग की नस फटने और दिल की धडकन रुकने से नहीं मरता बल्कि उस दिन भी मर जाता है जिस दिन उसकी उम्मीदें और सपने मर जाते है । उनका विश्वास मर जाता है । इस तरह आदमी मरने से पहले भी मर जाता है और फिर मरा हुआ आदमी दोबारा थोडे न मरता है ।

Nov 18, 2009


चिट्ठाजगत


हँसना जरुरी है

गांव में एक lady थी । उसके husband आई टी आई मे job karte थे । वह आपने husband को letter लिखना चाहती थी पर illiterate होने के कारण उसे यह पता नहीं था कि पूर्णविराम(full stop) कहां लगेगा । इसीलिये उसका जहां मन करता था वहीं full stop लगा देती थी ।
उसने चिट्टी इस प्रकार लिखी--------



मेरे प्यारे जीवनसाथी मेरा प्रणाम आपके चरणो मे । आप ने अभी तक चिट्टी नहीं लिखी मेरी सहेली कॊ । नोकरी मिल गयी है हमारी गाय को । बछडा दिया है दादाजी ने । शराब की लत लगा ली है मैने । तुमको बहुत खत लिखे पर तुम नहीं आये कुत्ते के बच्चे । भेडीया खा गया दो महीने का राशन । छुट्टी पर आते समय ले आना एक खुबसुरत औरत । मेरी सहेली बन गई है । और इस समय टीवी पर गाना गा रही है हमारी बकरी । बेच दी गयी है तुम्हारी मां । तुमको बहुत याद कर रही है एक पडोसन । हमें बहुत तंग करती है

एक विचार - One thought

"हमारा आज , हमारे कल की देन हैं. हमारा आनेवाला कल , हमारे आज की देन होगा. यह महत्वपूर्ण नहीं हैं की हम आज क्या हैं, महत्वपूर्ण यह हैं की हमारे आज के प्रयास और मेहनत किस दिशा में हैं और हम अपने आने वाले कल में क्या चाहते हैं. "

व्याख्या - कल जो गलतिया हुई हैं , उनसे सबक लेकर अपने आज को बेहतर करना ही उचित हैं ताकि हमारा आने वाला कल सुखद और सफलतादायक हो. अपने आज को योजनाबद्ध कीजिये , कल अपने आप बेहतर होगा.

Nov 17, 2009

कुछ वालपेपर





दो लब्ज

र्सिफ रिश्तों के बंधन को विश्वास नही कहते,
हर आसु को जजबात नही कहते।
किस्मत से मिलते है दोस्त जिन्दगी में,
इसलिए दोस्त को कभी इत्फाक नहीं कहते।।




दिल-2 से जुदा नहीं होता वह,
वह यु हि किसी पे फिदा नही होता।
प्यार से बड़ा दोस्ती का रिश्ता होता है,
क्योकि दोस्त कभी बेवफा नहीं होता।




आप दूर रहकर भी याद आते रहोंगे,
ये दोस्ती हम सदा निभाते रहेगे।
न जाऐगे आप यादों के दरवाजे से बाहर,
आपको भी याद अपनी दिलाते रहेगें।




कोई कहता है प्यार का नसा बन जाता है,
काई कहता है प्यार सजा बन जाता है।
पर प्यार करो सच्चे दिल से,
क्योकि प्यार जिने की बजय बन जाती है।





चिट्ठाजगत अधिकृत कड़ी

Nov 16, 2009

सुविचार

















लगातार गल्तियों का मतलब सफलता के करीब भी जाना होता है, यदि गल्तियां होश में की जायें। इसलिए गल्तियों से सबक लीजिए, उससे घबराइए नहीं।

दुनिया में कोई चीज बेकार नहीं होती, बेकार से बेकार समझी जाने वाली वस्तु की भी कहीं न कहीं बड़ी और मजबूत अहमियत होती है।


जिन्दगी है तो खवाब है


_Khwaab Hai To Manzilein Hai


____Manzilein Hai To Fasaley Hai


__________Fasaley Hai To Rastey Hai

_________Rastay Hai To Mushkilein Hai

_____________Mushkilein Hai To Hausla Hai

_________________Hausla Hai To Vishawas Hai

______________________Vishvas hai to Paisa hai

________________________Paisa hai to Shohrat hai

__________________________Shohrat hai to Izzat Hai

______________________________Izzat hai to Ladki hai

__________________________Ladki hai to Tension hai

______________________Tension hai to Concern hai

__________________Concern hai to a Khayaal hai

_________________Khayaal hai to Khwaab hai

______________Khawab hai to Growth hai

__________Growth hai to Zindagi hai

______Zindagi hai to khwaab hai


_Matlab duniya Gol Gol hai


Bas ghumnewala chahiye


Nov 14, 2009

जिदंगी

दोस्ती तो सिर्फ़ यादो मे रह जायेगी|
हर कप कॉफी याद दोस्तों की दिलाएगी
हँसते हँसते आँखे नम हो जायेगी |
पैसा तो बहुत होगा ... मगर ,
उन्हें खर्चने की वजह खत्म हो जायेगी |
ऑफिस के चेम्बर मे क्लासस्रूम नजर आएगी ,पर
लाख चाहने के बाद भी यहाँ प्रॉक्सी सी नही लग पायेगी |
जी ले ! खुल के एस पल को मेरे दोस्त
क्योकि जिन्दगी एन पालो को फिर से नही दोहराएगी ...

Nov 13, 2009

कोशिश

लहरों से डर कर नौका पार नहीं होती,
कोशिश करने वालों की कभी हार नहीं होती.




नन्हीं चींटी जब दाना लेकर चलती है,
चढ़ती दीवारों पर, सौ बार फिसलती है.
मन का विश्वास रगों में साहस भरता है,
चढ़कर गिरना, गिरकर चढ़ना न अखरता है.
आख़िर उसकी मेहनत बेकार नहीं होती,
कोशिश करने वालों की कभी हार नहीं होती.




डुबकियां सिंधु में गोताखोर लगाता है,
जा जा कर खाली हाथ लौटकर आता है.
मिलते नहीं सहज ही मोती गहरे पानी में,
बढ़ता दुगना उत्साह इसी हैरानी में.
मुट्ठी उसकी खाली हर बार नहीं होती,
कोशिश करने वालों की कभी हार नहीं होती.




असफलता एक चुनौती है, इसे स्वीकार करो,
क्या कमी रह गई, देखो और सुधार करो.
जब तक न सफल हो, नींद चैन को त्यागो तुम,
संघर्श का मैदान छोड़ कर मत भागो तुम.
कुछ किये बिना ही जय जय कार नहीं होती




जिदंगी

क्या कहूं जिदंगी भी क्या चीज़ होती है...



पल में खूबसुरत तो पल में बदरंग होती है..



क्या कहूं जिदंगी भी क्या चीज़ होती है..



कभी मासुम तो कभी होश उड़ा देती है..



क्या कहूं कि जिदंगी भी क्या चीज़ होती है..



कभी बहुत कुछ दे देती है...तो कभी सब कुछ ले लेती है...



क्या कहूं जिदगी भी क्या चीज़ होती है..

Nov 12, 2009

सुभारम

नमस्कार हिंदी ब्लोगरो के ब्लॉग पढ़ करके ब्लॉग लिखने की तिर्व ईशा को मैं रोक नहीं पाया और कूद पड़ा हिंद महासागर में |
कुर्प्या कोई गलती हो तो नासमझ जानकर माफ़ करना | गलती जानकर गलती का सुझाव नहीं देना भी एक गलती है | गुजरती में एक कहावत है की मानस मात्र भूल नो पात्र | मनुष्य गलतियों का पुतला है गलती करके उसका सुधार भी करने की कला एक मनुष्य नाम के पाणी में ही और कोई एशा पाणी नहीं है जो गलती करके उसको सुधार सके | कुर्प्या अपना सुझाव जरुर दे |